सिर्फ़ बंधन को विश्वास नही कहते
हर आँसू को जज़्बात नही कहते,
किस्मत से मिलते है रिश्ते ज़िंदगी मे,
इसलिए रिश्तो को कभी इतेफ़ाक़ नही कहते.